System command to correct
System सही करने का कमांड 

C:\>CHKDSK
Disk के बारे में पूरी जानकारी प्राप्त करने के लिए। कि डिस्क में कितनी जगह थी। और अब कितनी जगह है। Memory कितनी थी और अब कितनी है। और कितनी जगह ख़राब हो चुकी है आदि। 
C:\>CHKDSK/F
Disk के बारे में पूरी जानकारी प्राप्त करने के साथ साथ बेकार और बेनाम फ़ाइल और ख़राब क्लस्टरों को चेक करके उसका एक्सटेंशन नाम (.chk) लगा देता है। ताकि बाद में उसे मिटा सकें।
C:\>SCANDISK
Disk की सफाई करने के लिए इसका उपयोग करते है। जिसके कारण सभी खराबी और बेनाम फाइलों और क्लस्टरों को चेक करके एक्सटेंशन नेम में (.chk) लगा देता है। और disk को पुरे विस्तार से चेक करते है। 
C:\>DEFRAG 
इसके द्वारा बिखरी हुई फाइलों को एक जमा कर सकते है। 
A:\>FORMAT
Disk को फॉर्मेट करने के लिए इसका उपयोग करते है। यानि सभी चीज़ों को हार्ड डिस्क से मिटने के लिए इस का उपयोग करते है। ऐसा करने से डिस्क में दोबारा Tracks और Sector बन जाते है। 

नोट- अगर Bootable CD में Format कमांड है तो A: Prompt से Format कर सकते है। वरना जहाँ फॉर्मेट कमांड है वहीँ से करें।
A:\>FORMAT C:/S
डिस्क को फॉर्मेट करने के साथ साथ सिस्टम फाइलों को भी स्थानांतरित करने के लिए इसका उपयोग करते है।
A:\>FORMAT C:/Q 
डिस्क को तेज़ी से Format करने के लिए इसका उपयोग करते है।
A:\>UNFORMAT C:
Disk को फॉर्मेट करने के बाद दोबारा असली रूप में लेन के लिए इसका उपयोग करते है। लेकिन यह जरूरी नहीं कि वह जैसे थी उसी रूप में वापस आजाये।
A:\>FDISK
इस कमांड के द्वारा Hard disk में Partition Table बनाते हैं। जब भी कोई नयी Hard Disk खरीदी जाती है। उसे उपयोग के लायक बनाने के लिए यह आवश्यक है कि उसमे Partition Table बनायें जाये।

नोट- जब भी Partition Table बनानी हो तो पहले कंप्यूटर को bootable Flopy से बूट करते है। और Hard Disk से भी बूट कर सकते है। लेकिंग फलोपी से बूट कर के बनाना चाहिए। यह कमांड पुराणी और नयी दोनों तरह की Hard Disk में चला सकते हैं।
तरीका- FDISK से किसी भी हार्ड डिस्क में Partition बनाने के लिए Bootable CD से कंप्यूटर बूट करें। जब कंप्यूटर बूट हो जाये तो A:\> Prompt पर यह लिख कर A:\>FDISK एंटर करें। अन्तर करते ही निम्नलिखित आप्शन दिखाई देंगें।
 (1)CREATE PARTITION 
(2)ACTIVE PARTITION
(3)DELETE PARTITION
   (4)DISPLAY PARTITION
अब जिस आप्शन का उपयोग करना है। उसका नंबर इस बॉक्स में लिखकर एंटर करें। Enter Choice []
(1)CREATE PARTITION:- इस आप्शन के द्वारा पार्टीशन बना सकते है। उसे सेलेक्ट करके जैसे ही एंटर करेंगे निम्नलिखित आप्शन उपस्थित होंगे। 
(1) Create DOS Primary Partition
(2) Create DOS External Partition
(3) Create Logical Partition
इनमे से जैसे ही  Create DOS Primary Partition.. को सेलेक्ट करके एंटर करेंगे Hard Disk को पढ़ना शुरू कर देगा। पूरा पढ़ने के बाद एक निर्देश मिलेगा। जिसमे Y लिखा होगा। इंटर करते ही पूरी हार्ड डिस्क को एक partition बना देगा। और अगर एक से अधिक पार्टीशन बना है तो Y के स्थान पर N लिखकर एंटर करें और पार्टीशन को जितना बड़ा बनाना है उतना साइज़ दें। साइज़ देने के बाद Esc बटन से main menu में आ जाएँ। main menu में आकर Create Partition को सेलेक्ट करके एंटर करें। उसके बाद दुसरे नंबर में उपस्थित Create DOS External Partition को सेलेक्ट करके एंटर करें। एंटर करते ही पार्टीशन बनाना शुरू हो जायेगा। जब पार्टीशन बन जाये तो Esc बटन से main menu में आजायें। 
फिर दूसरा पार्टीशन बनाने के लिए create partition को सेलेक्ट करके नंबर तीन के अंतर्गत Create Logical Partition सेलेक्ट करके एंटर करें। और जितना पार्टीशन बनाना है उसके अनुसार साइज़ को सेलेक्ट करके एंटर करें। एंटर करते ही पार्टीशन बनना शुरू हो जायेगा। इस तरह जितना पार्टीशन बनाना है। Create Logical Partition के द्वारा बना सकते हैं।  जब पार्टीशन बन जाये तो Esc बटन से main menu में आजायें। और यहाँ से दो नंबर के अंतर्गत ACTIVE PARTITION को सेलेक्ट करके एंटर करें। एंटर करते ही निर्देश मिलेगा। जिसमे नंबर 1 देकर एंटर करें। एंटर करते ही पार्टीशन active हो जायेगा। इसके बाद Esc बटन से बहार आजायें। और कंप्यूटर Restart करें। 
नोट- नयी पार्टीशन टेबल बनाने के बाद यह अवश्यद है कि सभी पार्टीशन को फॉर्मेट कर लिया जाये। 
(3)DELETE PARTITION:- इसके द्वारा हार्ड डिस्क बनी हुई पार्टीशन को खत्म कर सकते है।
(4)DISPLAY PARTITION:- इसके द्वारा बनाये गए पार्टीशन को देख सकते है। कि Hard disk में कितने Partition हैं। लेकिन Active बनायीं गयी Partition के अलावा सभी पार्टीशन को देख सकते है। 
A:\>SYS C:
System File को एक जगह से दूसरी जगह ले जेन के लिए यानि डिस्क को Bootable बनाने के लिए उपयोग करते है। 
C:\>HELP/DIR
इसके द्वारा कमांड से सम्बंधित जानकारी प्राप्त कर सकते है। 
C:\>FC LAB ONLINE
दो फ़ाइल में तुलना करने के लिए। कि फ़ाइल एक जैसे है या उनमे कुछ अंतर है। 
C:\>DISK COPY A: A:
यह कमांड एक फलोपी की साडी चीज़ों को दूसरी फलोपी में कॉपी करने के लिए। यानि पूरी फलोपी की कॉपी करने के लिए उपयोग की जाती है। ऐसा करने के लिए आवश्यक है कि फलोपी capacity के अनुसार बराबर हो।
C:\>MS BACKUP dir name a:
इसके द्वारा बड़ी से बड़ी फ़ाइल या प्रोग्राम की कॉपी फलोपी में सरलतापूर्वक कर सकते है। 
C:\>RESTORE a: c: /s 
इसका उपयोग बैकअप कमांड के द्वारा फलोपी डिस्क में स्टोर किया गया डेटा Hard disk में स्टोर करने के लिए करते है। 
C:\>SETUP
C:\>INSTALL 
यह दोनों कमांड प्रोग्राम को कंप्यूटर में लोड करने के लिए होते है। 
नोट- कुछ सॉफ्टवेयर ऐसे हैं। जो setup के द्वारा लोड होते है। और कुछ इंस्टाल के द्वारा लोड होते है। इस लिए पहले प्रोग्राम की डायरेक्टरी देखें कि यह किस से लोड होगा। फिर उसी के अनुसार कमांड चलायें।

Post a Comment

How did you post this comment.

Previous Post Next Post